love shayari rab se mangi thi dua

love shayari rab se mangi thi dua 

 

love shayari रब से मांगी थी दुआ

love shayari rab se mangi thi dua
love shayari rab se mangi thi dua

love shayari mangi thi dua

 

रब से हमेसा से करते थे ये दुवा कास वो मिल जाये  
पर मेरी दुवा में वो बात ना थी जो रब को रास आये  
एक दिन गुस्से से क्या मांग बैठे की कास वो हमसे दूर हो जाये 
तो यकीन मानो यारो वो दुवा रब ने यूं सुनी हमे पता ना चला वो कब हमसे दूर हो गये

चाहत की थी सिर्फ उसकी उसे हम चाह कर भी पा न सके
जिसे थी तमन्ना हमेसा अपना बनाने की उसे अपना बना ना सके
अक्सर रोज सपनों और ख्यालो में आकर वो सताने लगा
किस्मत से बन ना पाया जो मेरा उसका प्यार हर पल तडपाने लगा

 

zindagi adhuri hai shayari

 

कद्र होती नही उसकी जो हमारे पास होता है
पछतावा होता है तब जब अपनी अनमोल चीज कोई खोता है
फिर पछताने से क्या फायदा जिसे खो दिया उसे पा ना सके
कर ले चाहे लाख कोसिस फिर उसे कभी अपना बना न सके

हो जाती है फिर जिन्दगी अधूरी
चाहे कर लो कोसिस ही कितनी नही होती उसकी जगह पूरी
हर पल उसकी यादो में होता है दिल
बार बार याद करके उसे रोता है दिल