Sad Shayar yuhi dil ko agar

Sad Shayar yuhi dil ko agar

 

Sad Shayarयूही दिल को 

Sad Shayar yuhi dil ko agar
Sad Shayar yuhi dil ko agar

 

yuhi dil ko agar

उससे यूही दिल लगाया होता दिल लगी ना कि होती
तो आज जिन्दगी मेरी यू परेसान ना होती
ना उसको याद करके पल पल रोते हम
इस कदर ना अपना चैनो सकूँन खोते हम

किसी को प्यार करके उसे न पाने से जिन्दगी अधूरी हो जाती है
भले ही कोई और आ जाए जिन्दगी में पर उसकी जगह कहाँ पूरी होती है
ये सच है जिन्दगी में पहली बार ही किसी से सच्चा प्यार होता है
उसके बाद सायद ही दिल किसी और को दिल में रहने की इजाजत देता है

पर जिन्दगी जीने के लिए फिर किस्मत से अपने सिर्फ समझोता होता है
जिसे चाहते है हम सच्चे दिल से उसके आलावा जिन्दगी में हमारे कोई और होता है
हर किसी आशिक के साथ किस्मत अक्सर एसे ही खेल खेलती है
बिना प्यार के हर आशिक की जिन्दगी हर जुल्मोसितम झेलती है